देशभर में सोने और चांदी की कीमतों में आज बड़ा बदलाव देखने को मिला है। हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन जहां चांदी की कीमतों में तेजी दर्ज की गई, वहीं सोने के दामों में गिरावट आई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ते तनाव, मुनाफावसूली और निवेशकों की सतर्कता का असर घरेलू बाजार पर भी दिखाई दे रहा है।
आज क्या है सोने का भाव?
आज 22 कैरेट और 24 कैरेट गोल्ड के दामों में हल्की गिरावट दर्ज की गई है। ज्वेलरी खरीदने वाले ग्राहकों के लिए यह राहत की खबर मानी जा रही है।
आज का गोल्ड रेट (लगभग)
- 22 कैरेट गोल्ड: ₹87,000 से ₹89,000 प्रति 10 ग्राम
- 24 कैरेट गोल्ड: ₹94,000 से ₹96,000 प्रति 10 ग्राम
अलग-अलग शहरों में टैक्स और मेकिंग चार्ज के कारण कीमतों में थोड़ा अंतर हो सकता है।
चांदी की कीमत में बढ़ोतरी
सोने के मुकाबले आज चांदी की कीमतों में तेजी देखने को मिली।
सिल्वर रेट
- चांदी: ₹1,12,000+ प्रति किलो के आसपास पहुंची
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार औद्योगिक मांग और वैश्विक अनिश्चितता के कारण चांदी में मजबूती बनी हुई है।

क्यों गिरा सोने का भाव?
सोने की कीमतों में गिरावट के पीछे कई बड़े कारण बताए जा रहे हैं:
- निवेशकों द्वारा मुनाफावसूली
- ब्याज दरों को लेकर चिंता
- अमेरिकी फेडरल रिजर्व की सख्त नीति
- डॉलर इंडेक्स में मजबूती
- वैश्विक बाजार में सतर्क माहौल
हालांकि, भू-राजनीतिक तनाव अभी भी सोने को सपोर्ट दे रहे हैं।
अमेरिका-ईरान तनाव का असर
अंतरराष्ट्रीय बाजार में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बना हुआ है। रिपोर्ट्स के मुताबिक:
- ईरान ने यूरेनियम भंडार घरेलू स्तर पर बनाए रखने के संकेत दिए
- मध्य पूर्व में अस्थिरता की चिंता बढ़ी
- कच्चे तेल की कीमतें चार साल के उच्च स्तर के करीब पहुंचीं
इन कारणों से वैश्विक निवेशकों में चिंता बढ़ी है।
फेडरल रिजर्व की नीति पर नजर
अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक के संकेतों के अनुसार:
- महंगाई अभी भी 2% लक्ष्य से ऊपर बनी हुई है
- ब्याज दरों में एक और बढ़ोतरी संभव मानी जा रही है
CME FedWatch के आंकड़ों के अनुसार बाजार दिसंबर तक दरें बढ़ने की लगभग 49% संभावना देख रहा है।
केंद्रीय बैंकों की बढ़ी सोने में खरीदारी
दुनियाभर के केंद्रीय बैंक लगातार सोना खरीद रहे हैं।
रिपोर्ट्स के अनुसार:
- गोल्डमैन सैक्स ने अनुमान बढ़ाया
- 2026 तक केंद्रीय बैंक हर महीने लगभग 60 टन सोना खरीद सकते हैं
यह सोने की कीमतों के लिए लंबी अवधि में सपोर्ट माना जा रहा है।
भारत में क्या है स्थिति?
भारत में सोने पर आयात शुल्क बढ़ने के बाद:
- ज्वेलरी की मांग प्रभावित हुई
- बाजार में रिकॉर्ड छूट देखने को मिली
- स्क्रैप गोल्ड की सप्लाई बढ़ी
हालांकि निवेश के रूप में सोने की मांग में बड़ा उछाल देखा गया है।
तकनीकी स्तर पर सोने का विश्लेषण
विशेषज्ञों के अनुसार:
- सोना फिलहाल 158,770 के सपोर्ट लेवल के आसपास बना हुआ है
- कमजोरी आने पर 157,930 तक गिरावट संभव
- ऊपर की ओर 160,220 और 160,830 पर रेजिस्टेंस देखा जा रहा है
क्या अभी सोना खरीदना सही रहेगा?
विशेषज्ञों का मानना है कि:
- लंबी अवधि के निवेशकों के लिए गिरावट खरीदारी का मौका हो सकती है
- शादी और त्योहार सीजन से पहले मांग बढ़ सकती है
- वैश्विक तनाव बढ़ने पर सोना फिर मजबूत हो सकता है
निष्कर्ष
आज के कारोबार में चांदी की कीमतों में तेजी और सोने में गिरावट देखने को मिली। वैश्विक तनाव, ब्याज दरों की चिंता और निवेशकों की सतर्कता बाजार को प्रभावित कर रही है। आने वाले दिनों में अमेरिका-ईरान तनाव और फेडरल रिजर्व के फैसलों पर बाजार की नजर बनी रहेगी।